3 तलाक खत्म, असवैधानिक करार दिया सुप्रीम क ोर्ट

नई दिल्ली बेहद लम्बे समय से प्रतीक्षित तीन तलाक मुद्दे पर आखिर में माननीय उच्चतम न्यायालय का फैसला आ ही गया ही गया . वो फैसला जो कई महिलाओं के जीवन से जुड़ा था . वो फैसला जो मानवता के हित से जुड़ा था .. उस पर बेहद संजीदगी और संतुलन दिखते हुए भारत की उच्चतम न्यायालय ने आखिर में अपना बहुपतीक्षित फैसला दे ही दिया ..

कांग्रेस के नामी वकील कपिल सिब्बल के लाख प्रयासों के बाद भी आखिर में सुप्रीम कोर्ट ने सीधे सीधे मोदी सरकार को आदेश दिया है कि वो मात्र ६ माह में एक कडा कानून इस प्रथा को खत्म करने के लिए बनाएं जिसमे मात्र ३ शब्दों में किसी की जिंदगी तबाह होने के कगार पर आ जाती है . साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने इस तीन तलाक को ६ माह के लिए निरस्त कर दिया है .

भाजपा सरकार के वकील का इस मामले में सीधा रुख था कि ये तीन तलाक प्रथा मुस्लिम महिलाओं के लिए एक बेहद ही एकपक्षीय पीड़ा देने वाली प्रथा है जिस पर फ़ौरन रोक लगे जिसका कांग्रेस पार्टी के नामी वकील कपिल सिब्बल ने व्यापक विरोध किया पर अंततः तमाम महिलाओं के जीवन को ध्यान में रखते हुए माननीय न्यायालय ने सरकार की व् पीड़िताओं की दलील को स्वीकार किया और ६ माह के लिए तीन तलाक को निरस्त करते हुए मोदी सरकार से इस के खिलाफ जल्द से जल्द कठोर क़ानून लाने की मांग की है