Daily Archive: March 19, 2017

HARYANA GOVT OFFICIAL STATEMENT ON JAT RESERVATION PROTEST

नई दिल्ली, 19 मार्च। जाट आरक्षण के संदर्र्भ में अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति द्वारा की गई मांगों को पूर्ण करने की सहमति के उपरांत जाट समाज का 20 मार्च को दिल्ली में प्रस्तावित कूच व प्रदर्शन कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया। स्वीकृत की गई संघर्ष समिति की मांगों को मीडिया के समक्ष प्रस्तुत करते हुए मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल ने कहा कि जाट समाज के साथ हरियाणा सरकार पूर्ण न्याय करेगी। अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री यशपाल मलिक ने हरियाणा सरकार विशेषकर मुख्यमंत्री द्वारा दी गई सहमति पर पूर्ण विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि 20 मार्च को दिल्ली में जाट समाज का प्रस्तावित कूच व प्रदर्शन कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया है। इस अवसर पर केंद्रीय इस्पात मंत्री श्री बिरेंद्र सिंह व केंद्रीय कानून एवं न्याय राज्य मंत्री श्री पी पी चौधरी मौजूद थे।

अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति की मांगों के संदर्भ में नई दिल्ली स्थित हरियाणा भवन में हरियाणा के मुख्यमंत्री व दो केंद्रीय मंत्रियों के साथ हुई संघर्ष समिति की बैठक के उपरांत मीडिया के समक्ष विवरण प्रस्तुत करते हुए हरियाणा के मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में जाट सहित पांच जातियों को आरक्षण देने संबंधी विधेयक अभी पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय में विचाराधीन है। उच्च न्यायालय का निर्णय आने के उपरांत संविधान की नौवीं अनुसूची में शामिल करने के लिए प्रक्रिया प्रारंभ कर दी जाएगी। राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग के पदाधिकारियों के रिक्त पदों को भरने के उपरांत केंद्र में भी जाट जाति को आरक्षण देने के लिए विधि सम्मत प्रक्रिया प्रारंभ कर दी जाएगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2010 से वर्ष 2017 तक के दौरान हुए जाट आरक्षण आंदोलन व संघर्ष के दौरान दर्ज हुए मुकदमों की पुन:समीक्षा करवाई जाएगी और जाट समाज के साथ पूर्ण न्याय किया जाएगा। जाट आरक्षण आंदोलनों के दौरान मृतकों के आश्रितों व अपंगों को स्थाई सरकारी नौकरी दी जाएगी। घायलों के लिए सरकार द्वारा पूर्व में घोषित की गई मुआवजा राशि अतिशीघ्र प्रदान की जाएगी। जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान हुई घटनाओं के आरोपी अधिकारियों की जांच की जाएगी और दोषी पाए जाने की स्थिति में सख्त कार्रवाई की जाएगी।

बैठक के उपरांत संवाददाताओं से बातचीत के दौरान केंद्रीय कानून एवं न्याय राज्य मंत्री श्री पी.पी. चौधरी ने केंद्र में जाट जाति को केंद्र में आरक्षण प्रदान करने के संदर्भ में स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग के पदाधिकारियों के रिक्त पदों पर अतिशीघ्र नियुक्तियां करने के उपरांत यथाशीघ्र विधिसम्मत प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी। उन्होंने कहा कि गत संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन सरकार द्वारा दिए गए आरक्षण की प्रक्रिया कानून सम्मत नहीं की गई। सर्वेक्षण विवरण में काफी कमियां थी। परिणामस्वरूप जाट जाति को दिया गया आरक्षण सर्वोच्च न्यायालय द्वारा निरस्त कर दिया गया। केंद्र में आरक्षण दिए जाने की प्रक्रिया की दिशा में वर्तमान केंद्र सरकार राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग द्वारा नियमानुसार सही वस्तुस्थितियों का सर्वेक्षण विवरण तैयार करवाया जाएगा। केंद्र सरकार का प्रयास होगा कि प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की कोई त्रुटि या कमी न रहे।

हरियाणा के मुख्यमंत्री व केंद्र के दो मंत्रियों के साथ बैठक के उपरांत संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री यशपाल मलिक ने हरियाणा सरकार विशेषकर मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल द्वारा संघर्ष समिति की मांग पूर्ण करने के संदर्भ में दी गई सहमति पर पूर्ण विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि केंद्र में आरक्षण के लिए राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग में आवेदन किया हुआ है। समिति को पूर्ण भरोसा है कि राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग के पदाधिकारियों के रिक्त पदों पर अतिशीघ्र नियुक्तियां कर केंद्र में आरक्षण देने की प्रक्रिया जल्द प्रारंभ होगी।

इस अवसर पर हरियाणा के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री श्री कृष्ण कुमार बेदी, मुख्यमंत्री के ओएसडी (मीडिया) श्री राजकुमार भारद्वाज, मीडिया सलाहकार श्री अमित आर्य, श्री अशोक बल्हारा, जाट आरक्षण संघर्ष समिति के पदाधिकारी व जाट समाज के अनेक प्रतिनिधि भी उपस्थित थे

नई दिल्ली, 19 मार्च। हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल ने हरियाणा राज्य की जनता से शांति, सौहार्द व सामाजिक भाईचारा बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि हरियाणा सरकार हरियाणा एक-हरियाणवी एक के दर्शन पर अग्रसर होते हुए राज्य की उन्नति के दिशा में विकासात्मक नीतियों को कार्यरूप दे रही है। मुख्यमंत्री ने मीडिया से भी अपील करते हुए कहा कि वे प्रदेश में सामाजिक समरसता व सामाजिक भाईचारे के परिवेश को और अधिक मजबूत करने में अपना रचनात्मक योगदान सदैव देता रहे।

#Punjab Congress mocks AAP for seeing ‘Kejriwal effect’ in government decisions

Ridiculing the Aam Aadmi Party (AAP) for seeing a ‘Kejriwal effect’ in the decisions taken by the Amarinder Singh government, the Punjab Congress on Sunday said the opposition party should stop indulging in senseless behavior to remain in limelight. Reacting to comments by AAP leaders that key decisions taken by the Punjab government, including the move to ban beacons, were a result of the its new form of politics, a state Congress spokesperson asked where the so-called ‘Kejriwal effect’ had disappeared on the voting day.